प्रस्तावना

सामाजिक विज्ञान विद्यापीठ (एस. ओ. एस. एस) विश्वविद्यालय में अध्ययन के बड़े विद्यापीठों में से एक है। एसओएसएस आठ विषयों में शैक्षणिक कार्यक्रम प्रदान करता है: नृविज्ञान, अर्थशास्त्र, इतिहास, पुस्तकालय और सूचना विज्ञान, राजनीति विज्ञान, मनोविज्ञान, लोक प्रशासन, समाजशास्त्र और गांधी और शांति अध्ययन।

अनुशासनों द्वारा प्रदत्तं कार्यक्रम मुख्य विषय क्षेत्रों से संबंधित होते हैं, लेकिन साथ ही शैक्षिक गतिविधियों के लिए कार्यक्षेत्र को बड़ा करने के लिए, विषय से संबंधित कार्य भी करते हैं। विद्यापीठ पाठ्यक्रमों के विकास को सामाजिक-आर्थिक और राजनीतिक संदर्भों के विस्तार के साथ जोड़ता है जिसमें सामाजिक विज्ञान प्रक्रियाएँ होती हैं।

इस तथ्य के दृष्टिगत कि इग्नू आज मुक्तद और दूर शिक्षा का अग्रणीकेंद्र है और आधुनिक शैक्षिक प्रौद्योगिकियों से पर्याप्त रूप से सुसज्जित है, विद्यापीठ ने शिक्षण कार्यक्रमों को संचालित करने में सूचना संचार प्रौद्योगिकी की महत्वापूर्ण भूमिका निश्चित करने का समुचित प्रयास किया है। निम्नलिखित विशेषताएँ इसके कार्यक्रमों की एक झलक है :

विद्यापीठ ने अपनी शैक्षणिक गतिविधियों का विस्तार किया है और एक शोध कार्यक्रम आरंभ किया है जो एक अनुशासन के भीतर और अंतरअनुशासनिक तथा अन्तःक्रियात्मरक दोनों ही विधियों से और अधिक रचनात्मक प्रतिक्रिया प्राप्त करने के लिए नवीन पद्धति लागू करता है।

यह भूमि अधिग्रहण और पुनर्व्येवस्थाीपन, पुनर्वास, आपदा प्रबंधन, मानव अधिकार, पर्यटन और अन्य समकालीन सामाजिक मुद्दों के क्षेत्रों में प्रशिक्षण कार्यक्रम भी प्रदान करता है। हाल के वर्षों में विद्यापीठ के तहत दो नए विषयों, अर्थात नृविज्ञान और मनोविज्ञान की स्थापना की गई है। इसके अतिरिक्त , इंदिरा गांधी सेंटर फॉर फ्रीडम स्ट्रगल स्टडीज (IGCFSS) और सेंटर फॉर गांधी एंड पीस स्टडीज (CGPS) भी विद्यापीठ के अंतर्गत स्था(पित गए हैं।

इस समय विद्यापीठ नए दृष्टिकोण से "नई" सामाजिक वास्तविकता को समझने और सामाजिक विज्ञान को एक उद्देश्यपूर्ण अभिविन्यास देने की स्थिति में है। इस रणनीति में प्रमुख तत्व सामाजिक विज्ञान अध्ययन का जन शिक्षा की आवश्यकताओं के लिए अनुकूलन है। इस प्रकार आईसीटी सहित आधुनिक शैक्षिक प्रौद्योगिकी अगले दशक में सामाजिक विज्ञान और पाठ्यक्रम विकास की प्रासंगिकता निर्धारित करने की संभावना है। विद्यापीठ ने नृविज्ञान के नए अनुशासन क्षेत्रों में पाठ्यक्रम और कार्यक्रम संचालित किए हैं। इसके अलावा, विद्यापीठ मौजूदा स्नातक और परा स्नातक डिग्री कार्यक्रमों में अधिक वैकल्पिक पाठ्यक्रमों को जोड़ रहा है; जो उन्हें अनुशासन क्षेत्रों में नए विकास के संदर्भ में अनुकूल और उपयुक्त बनाएंगे।